Posts

Showing posts from April, 2021

एक चक्कर श्यामसान का

जब कर न सको भरोसा किसी इंसान का, जब हल न निकले किसी परेशानी का । तब अपने चित्त को शांत करो ऐ विशाल, और लगा लो शिर्फ एक चक्कर श्यामसान का।। जब भी कभी भर जाए घमण्ड से सारा दिमाग, जब जलने लगे बदन में किसी से जलन की आग। जब कभी परख न कर पाओ सच और ईमान का, तो लगा लो शिर्फ एक चक्कर श्यामसान का।।